आगरा,संदीप सागर: आगरा के छह मरीजों में कोरोना वायरस की जांच रिपोर्ट संदिग्ध आने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। जिला अस्‍पताल ने सोमवार को 13 लोगों की जांच के सेंपल लखनऊ भेजे गए थे जिनमे छह लोगों की जांच रिपोर्ट संदिग्ध आई है। संदिग्ध रिपोर्ट आने के बाद सभी मरीजों को दिल्‍ली भेज दिया गया है और परिवार के सात सदस्‍यों को घर पर ही आइसोलेशन केयर में रखा गया है। जानकारी के अनुसार इनके संपर्क में आने वाले 15 और लोगों की जांच के लिए सेंपल लिये गए हैं जिनको एहतियात के तौर पर पुष्टि के लिए पुणे के नेशनल इंस्‍टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी भेजे गए हैं। उधर जानकारी होते ही दिल्‍ली से स्‍वास्‍थ विभाग के महानिदेशक डॉ सुजीत सिंह टीम सहित आगरा पहुंच गए हैं। जिलाधिकारी प्रभू एन सिंह ने सीएमओ सहित अन्‍य स्‍वास्‍थ विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की। जिसके बाद एसएन मेडिकल कॉलेज में 100, जिला अस्‍पताल में 50, रेलवे हॉस्‍पीटल में 6, एयरफोर्स हॉस्‍पीटल में 50 और आर्मी हॉस्‍पीटल में 50 बैैड आइसोलेशन वार्ड के लिए तैयार रखने के आदेश दिए हैं।

दरअसल आगरा के कारोबारी दो भाई और उनका परिवार दिल्‍ली के एक रिश्‍तेदार परिवार के साथ इटली गए थे। 25 फरवरी को वे परिवार सहित वापस भारत लौटे थे। वापस लौटने के बाद दिल्‍ली के रिश्‍तेदार परिवार के एक सदस्‍य को सर्दी जुकाम हुआ था । शक होने पर जांच कराई तो कोरोना वायरस की पुष्टि हुई थी । इनमें से दो स्वजनों को आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर लिया गया है.मुख्य चिकित्सा अधिकारी मुकेश वत्स ने बताया कि आगरा के एक परिवार के दो सदस्य इटली गए थे उनको हाइली सस्पेक्टेड मानते हुए 13 सदस्यों में से 6 लोगों में खांसी जुकाम के साधारण सिम्टम्स पाए गए थे जिनको दिल्ली के सफदरजंग भेज दिया गया है वाकी के सात लोगों को घर पर ही आइसोलेशन केयर में रखा गया है। उन्होंने बताया कि आगरा में कोरोना को लेकर उचित प्रबंध किये गए हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि कोरोना वायरस से ग्रसित देशो से अगर कोई विदेशी पर्यटक यहां आता है इसकी जानकारी जिला अस्पताल या एसएन मेडिकल कालेज में दी जाए जिससे उनकी जांच कराई जा सके।