कुछ दिन पहले लेटर बम फोड़कर आरजेडी के अंदरखाने भूचाल ला देने वाले आरजेडी के वरिष्ठ नेता रघुवंश प्रसाद सिंह के तेवर अब भी तल्ख है। पार्टी की कार्यशैली को लेकर वे बेहद नाराज हैं और पार्टी की ओर दिये जाने वाले कुछ बयानों पर भी उन्होंने नाराजगी जतायी है। उन्होंने महागठबंधन के सहयोगियों की डिमांड का भी समर्थन किया है। पूर्व सीएम जीतन राम मांझी और कांग्रेस लगातार महागठबंधन में काॅर्डिनेशन कमिटी बनाने की मांग करते रहे हैं। अब रघुवंश प्रसाद सिंह ने इस मांग का समर्थन कर दिया है।

उन्होंने कहा कि पार्टी के अंदर इस पर विर्मश होना चाहिए।यह बयान नहीं दिया जाना चाहिए कि रहना है तो रहिए नहीं तो जाईए। यह बयान राजनीतिक है और खतरनाक है। राजद बड़ी पार्टी है। 81 विधायकों के नेता के नेतृत्व को कोई कैसे नकार सकता है। महागठबंधन के सहयोगियों के साथ बैठकर आरजेडी को बातचीत करनी चाहिए। यह तय है कि जो नेता प्रतिपक्ष होगा सरकार बनने की स्थिति पैदा होने पर सीएम वही होगा लेकिन बार बार कहने से कोई मतलब नहीं है।