पटना: बिहार के दरभंगा में एक शख्स को अपने गांव में ‘नरेंद्र मोदी’ चौक बनवाना जानलेवा साबित हो गया। इस शख्स का आरोप है कि ऐसा कर उसने अपने जान की मुसीबत मोल ले ली है। रामचंद्र नाम के इस शख्स का कहना है कि वह बीजेपी का समर्थक है और उसने बाबू भदवा गांव में नरेंद्र मोदी चौक की स्थापना की थी। शख्स का कहना है कि दरभंगा का बाबू भदवा इलाका राष्ट्रीय जनता दल के प्रभुत्व वाला क्षेत्र है। रामचंद्र का आरोप है कि इन बदमाशों ने पहले तो उसके भाई की फिर उसके पिता की गर्दन काटकर हत्या कर दी। रामचंद्र ने कहा कि नरेंद्र मोदी चौक खोलने के 6 महीने बाद ही उसके भाई की हत्या कर दी गई थी। शख्स ने कहा कि 15 मार्च को बदमाशों ने उसके पिता का गर्दन काट दिया और उन्हें भी जख्मी कर दिया। घायल शख्स ने मीडिया को दिये बयान में आरोपियों का नाम भी बताया है। उसने कहा कि गैंगवार करने वालों में तिलकवारा का वारिश नाम का शख्स है, जबकि तीन लोग उसके गांव के हैं, इनके नाम अवधेश राय, विनोदकांत और कमलेश यादव है।

 

अस्पताल में इलाज करवा रहे इस शख्स ने कहा कि ये चारों लोग शुरू से ही उसके परिवार को धमकी देते आ रहे हैं। शख्स के मुताबिक इनका कहना है कि मोदी चौक नाम रखने के बाद उसके पूरे परिवार को खत्म कर दिया जाएगा। पीड़ित शख्स के भाई ने कहा कि बिहार उपचुनाव में जीत के बाद इनके हौसले और भी बढ़ गये हैं। गुरुवार को दर्जनों लोग हथियारों से लैस होकर पहुंचे उनके पिता पर तलावर से हमला कर दिया। रामचंद्र ने कहा कि ये लोग अक्सर कहते हैं कि आरजेडी के गढ़ में उसने इस चौक का नाम नरेंद्र मोदी चौक क्यों रखा है। शख्स का कहना है कि चौक का बोर्ड हटाने के लिए उसे 10 लाख रुपये की पेशकश भी की गई थी।

पुलिस इस मामले में आरोपों की जांच कर रही है। इस मामले में पुलिस ने नामजद लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का कहना है कि चौक का नाम नरेंद्र मोदी रखने पर हत्या हुई है या नहीं इस बात की अभी पुख्ता जानकारी नहीं है, लेकिन पुलिस इस मामले की इस एंगल से भी जांच कर रही है।