New Delhi, प्रतिमा भारद्वाज: International Monetary Fund या IMF की नई MD Kristalina Georgieva ने कहा है कि वैसे तो इस वक्त समूचे विश्व की अर्थव्यवस्थाएं ‘समकालिक मंदी’ की चपेट में हैं, लेकिन भारत जैसी सबसे बड़ी उभरती बाज़ार अर्थव्यवस्थाओं में इस साल इसका असर ‘ज़्यादा साफ नज़र’ आ रहा है।

जॉर्जिवा ने वैश्विक अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर 10 सालों के निचले स्तर पर आने की आशंका भी जाहिर की है। बता दें कि यह आईएमएफ की मैनेजिंग डायरेक्टर के तौर पर जॉर्जिवा का पहला संबोधन था। आगामी सप्ताह में आईएमएफ और विश्व बैंक की सालाना बैठकें शुरू हो जाएंगी।


IMF की MD के रूप में अपने पहले भाषण में क्रिस्टालिना जियॉरजीवा ने कहा, “दो साल पहले, वैश्विक अर्थव्यवस्था समकालिक रूप से ऊंचाई की तरफ जा रही थी, और दुनिया का लगभग 75 हिस्सा बढ़ रहा था… अब वैश्विक अर्थव्यवस्था ‘समकालिक मंदी’ की चपेट में है… वर्ष 2019 में हमें लगता है कि दुनिया के लगभग 90 फीसदी हिस्से में वृद्धि कम होगी…” आईएमएफ ने 2019 में वैश्विक वृद्धि दर 3.2 प्रतिशत और 2020 में 3.5 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया था।