पटना के लोगों को भीषण जलजमाव से मुक्ति मिल गयी है। घरों और सड़कों से पानी निकल गया है। जन जीवन सामान्य होता दिख रहा है। जहां नावें चल रही थी वहां अब गाड़ियां चलने लगी है। लेकिन जलजमाव खत्म होने के बाद भी परेशानियां खत्म नहीं हुई है। अब बीमारियों ने डेरा जमा लिया है। डेंगू और डायरिया कहर बरपा रहा है। पटना समेत पूरे बिहार में बाढ़ एवं जलजमाव वाले क्षेत्रों में डेंगू कहर बरपा रहा है।

पिछले दो दिनों में डेंगू के 140 मरीज चिह्नित हुए हैं। वहीं, डायरिया से पुनाईचक, मोहनपुर में एक बच्ची की मौत हुई है।सात और नौ अक्टूबर को हुई जांच में पटना में डेंगू के 140 नए मरीज मिले हैं। इसमें पीएमसीएच में 100, सहयोग हॉस्पिटल में चार, जगदीश हॉस्पीटल में छह, साईं हॉस्पिटल में तीन, रूबन हॉस्पिटल में 16 और उदयन हॉस्पिटल में 11 डेंगू के मरीज चिह्नित हुए हैं। वहीं, डायरिया का प्रकोप सबसे ज्यादा पुनाईचक में है। यहां हर दूसरे घर में डायरिया का प्रकोप है। इसके अलावा कंकड़बाग, बाजार समिति इलाके में भी डायरिया पीड़ित बच्चे डॉक्टरों के पास पहुंच रहे हैं।