भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के निधन पर पूरे देश में शोक की लहर है। उनकी ख्याति उनके प्रति लोगों की चाहत उनकी महानता और उनके व्यक्तित्व के प्रति लोगों का आकर्षण अब सबकुछ और व्यापक स्वरूप में परिलक्षिति हो रहा है। उनकी अंतिम यात्रा में सड़कों पर जनसैलाब है तो दूसरी तरफ हर आंख नम है। सयांेग देखिए कि आज एक तरफ जहां प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की आंखें नम थी वहीं दूसरी तरफ आसमान भी रोया। अटल जी की दत्तक पुत्री नमिता ने अटल जी को मुखग्नि दी इसके पहले हल्की बारिश शुरू हो गयी मानों आसमान भी अपने अश्क अटल स्वरूप उस पावन आत्मा को न्योछावर कर रहा हो। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने श्रद्धांजली दी। साथ हीं विभिन राजनीतिक दलों के नेताओं ने भी उन्हें श्रद्धांजलि दी। अटल जी के व्यक्तित्व को किसी पार्टी और पक्ष विपक्ष के दायरे में रखना हमेशा मुश्किल रहा वो हर दल के लोगों के बीच लोकप्रिय रहे। राजनीति का चाहे कोई खेमा हो सबने उन्हें भरपूर सम्मान दिया। अटल जी की अंतिम यात्रा में अटल बिहारी अमर रहे के नारे लगते रहे। वाजपेयी की अंतिम यात्रा में शामिल होने अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई भी भारत पहुंचे। सड़कों पर लोगों का जनसैलाब दिखा तो हर आंख नम दिखी। बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने भी पूर्व पीएम वाजपेयी को श्रद्धांजलि दी। वाजपेयी की अंतिम यात्रा के साथ पीएम मोदी पैदल चलते रहे और उनकी आंखे नम थी। वाजपेयी के अंतिम दर्शन के लिए सुबह से हीं लोगों की लाइन लगी थी। नेताओं का आना-जाना लगा था। दरअसल यही आवाजाही, यही उथलपुथल और हलचल यह बता रही थी कि देश ने किस अटल योद्धा को खो दिया।