चित्रकूट : गेहूं खरीद केंद्र हन्ना बिनैका का मामला अभी शांत नहीं हुआ है कि शिवरामपुर में पांच ट्रक गेहूं गायब होने की बात सामने आई है। यहां पर केंद्र प्रभारी व सचिव ने खरीद के हिसाब से भंडारण में कमी कर दी है। इसकी जांच अफसरों ने शुरू कराई है। दबी जुबान कुछ ने इसको स्वीकारा भी लेकिन खुल कर कोई नहीं बोल रहा है।

शिवरामपुर साधन सहकारी समिति में गेहूं क्रय केंद्र खुला था। इसमें सात सौ मीट्रिक टन गेहूं खरीद का लक्ष्य रखा गया था। बताते हैं कि यहां पर लक्ष्य से काफी अधिक खरीद की गई थी लेकिन जब भंडारण की शुरुआत हुई तो धांधली हुई। इसमें करीब पांच ट्रक गेहूं के हेराफेरी का मामला फिलहाल पता चला है। अफसरों की मानें तो केंद्र प्रभारी और सचिव ने गायब गेहूं की एवज में धनराशि जमा कर अपनी जान बचा ली है पर पांच ट्रक गेहूं लापता होने तक पहुंचने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। प्रशासन पूरे मामले को लेकर गंभीर है। साधन सहकारी समिति और पीसीएफ के अधिकारी मामले को दबाने में जुट गए हैं। उप निबंधक सहकारी समिति नरेंद्र ¨सह यादव ने कुछ भी बताने से इन्कार कर दिया हालांकि पीसीएफ के प्रबंधक रज्जन लाल ने स्वीकारा कि अधिकांश समितियों में गड़बड़ी की बातें सामने आई हैं। शिवरामपुर समेत सभी जगह की जांच कराई जा रही है। खुद अपर जिलाधिकारी विजय नारायण पांडेय पूरे मामले को देख रहे हैं। एडीएम ने कहा कि जांच के बाद दोषी मिलने पर कार्रवाई होगी।