एसटीईटी अभ्यर्थियों के लिए खुशखबरी है। अब उनके सर्टिफिकेट की मान्यता दो साल के लिए बढ़ा दी गयी है।सरकार का मानना है कि इससे जुड़े अलग-अलग मामलों में अभ्यर्थियों और सरकार के कोर्ट जाने के कारण अभ्यर्थियों का काफी समय बर्बाद हुआ है. जिसके लिए अभ्यर्थी जिम्मेदार नहीं हैं. सरकार ने माना है कि इन कानूनी परेशानियों को लेकर अभ्यर्थियों का दो साल बर्बाद हुआ है. इसलिए सरकार ने वैसे अभ्यर्थी जिनकी एसटीईटी की डिग्री जून 2019 में खत्म होने वाली थी उनकी डिग्री को दो सालों के लिए और बढ़ा दिया है.

दरअसल साल 2012 में पास एसटीईटी अभ्यर्थियों के सर्टिफिकेट नियमों के मुताबिक इसी महीने यानि जून 2019 में ही खत्म होने वाले थे. लेकिन राज्य सरकार ने राहत देते हुए उन्हें दो साल के लिए और मान्य कर दिया है.बता दें कि पहली बार एसटीईटी के लिए साल 2011 में परीक्षा हुई थी जिसका रिजल्ट साल 2012 में प्रकाशित किया गया था. चुंकि इन परीक्षाओं के सर्टिफिकेट सात सालों के ही मान्य होते हैं ऐसे में साल 2012 में पास हुए अभ्यर्थियों के सर्टिफिकेट साल 2019 में खत्म होने वाले थे.